खतरे के मुहाने से वापस लौटता शहर

हॉट स्पॉट इंदौर की स्थिति में बीते पांच दिनों में हुआ उल्लेखनीय सुधार

इंदौर।स्वच्छता में नंबर वन शहर का कोरोना संक्रमण के मामले में नंबर वन की दौड़ में शामिल होना निश्चित रूप से जन चिंता का सबब है। देश के हॉट स्पॉट शहरों की सूची में टॉप टेन में शुमार इंदौर के हालातों ने शासन प्रशासन ही नहीं आम नागरिको को भी खौफजदा करने का काम किया। बहरहाल यह सुखद संकेत है कि अब इंदौर देश के उन शहरों की सूची में शामिल है जो तेजी से संक्रमण मुक्त होने की राह पर है। जी हां बीते पांच दिनों में इंदौर की स्थिति में उल्लेखनीय सुधार आया है। हमारा ही नहीं देश का सबसे प्यारा शहर खतरे के मुहाने से वापस सुरक्षित जोन में लौटने को अग्रसर है। तेजी से ग्रो करने वाले शहरों में इंदौर अब अव्वल नंबर पर आने की तैयारी में है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने भी इंदौर सहित प्रदेश के अन्य शहरों में तेजी से हो रहे सुधार पर प्रसन्नता जाहिर की है। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक इंदौर में 28.3 प्रतिशत के मान से मरीज रिकवरी कर रहे है। जबकि पॉजिटिव मरीज बढ़ने का अनुपात 17.2 प्रतिशत है। यह आंकड़ा प्रदेश की आर्थिक राजधानी के लिए सुखद संकेत है।

अप्रैल से बढ़ना शुरू हुए थे केस –
इंदौर में 24 मार्च तक कोरोना का एक भी केस सामने नहीं आया था। 25 मार्च को पूरे देश में लॉक डाउन घोषित हुआ तब तक संक्रमण का आंशिक हमला नजर आने लगा था। अप्रैल माह के अंत तक तो कोरोना संक्रमित मरीजों का आंकड़ा 11 सो को पार कर गया। शहर के हालात ने केंद्र सरकार को चिंता में डालने का काम कर दिया। एक विशेष टीम केंद्र से इंदौर में भेजी गई। स्थानीय प्रशासन ने सुधार के लिए जो कदम उठाए थे उसकी केंद्रीय टीम ने सराहना की और बेहतर भी बताया। कंटेनमेंट एरिये में सख्ती के साथ सुधार, घर घर सर्वे, सैंपल जांच और इलाज के जरिए खतरनाक स्थिति से उबरने के प्रयास जारी रखे गए।

अफसरों की हिम्मत का दिख रहा परिणाम –
प्रशाासन, पुलिस और स्वास्थ्य विभाग के समन्वित प्रयासों का असर 1 मई से नजर आने लगा था। इन पांच दिनों के भीतर अफसरों ने हर स्तर पर सुधार के काम किए। कंटेनमेंट एरिये में सतर्कता, लॉक डाउन का सख्ती से पालन, घर घर में सर्वे, सैंपल जांच की गति में तेजी और आम जरूरत के लिए लोगों को सुविधा जैसे कामों को योजनाबध्द तरीके से किया गया। तमाम विषम परिस्थितियों में भी अधिकारियों ने हौसला कम नहीं होने दिया है। इसी का परिणाम है कि स्थितियों में तेजी से सुधार हो रहा है। इंदौर जिले में अब तक अब तक 9 हजार 857 सैंपल की की जांच हो चुकी है जो अपने आप में रिकार्ड है क्यों कि अब सैंपल पेंडेंसी लगभग खत्म हो चुकी है।

सुखद है मरीजों की घर वापसी –
यह बहुत ही सुखद बात है कि शहर के विभिन्न कोविड अस्पतालों में भर्ती संक्रमित मरीज ना केवल तेजी से रिकवर हो रहे है बल्कि अपने घर भी रवाना हो रहे है। सोमवार तक ऐसे मरीजों की संख्या 468 हो चुकी है। इसके अलावा संदिग्ध मरीजों के लिए शहर में बनाए गए 46 क्वारेंटाइन सेंटरों से 1 हजार 409 लोग पूर्ण रूप से ठीक होकर घर चले गए। यानी क्वारेंटाइन सेंटर में रहते हुए ही लोगों ने संक्रमण को परास्त कर दिया। अस्पताल और क्वारेंटाइन सेंटर से डिस्चार्ज होने का यह सिलसिला लगातार जारी है।

एमपी।कोरोना अपडेट –
कुल कोरोना पेशेंट्स – 2983
कुल स्वस्थ हुए मरीज – 985
संक्रमण से मरने वाले मरीज -165

दोनों संभाग के जिलों की जोन वार स्थिति –
रेड जोन -इंदौर, उज्जैन, धार, बड़वानी, खंडवा, देवास
आॅरेंज जोन – खरगोन, रतलाम, आगरमालवा, मंदसौर, शाजापुर, बुरहानपुर
ग्रीन जोन – झाबुआ, अलीराजपुर, नीमच

इंदौर उज्जैन संभाग के जिलों के हाल –
इंदौर – पॉजिटिव केस 1611 , अब हुई मौत 77, स्वस्थ हुए मरीज 460
उज्जैन – पॉजिटिव केस 173, अब हुई मौत 35, स्वस्थ हुए मरीज 16
खरगोन – पॉजिटिव केस 79, अब हुई मौत 7, स्वस्थ हुए मरीज 36
खंडवा – पॉजिटिव केस 47, अब हुई मौत 6, स्वस्थ हुए मरीज 13
धार – पॉजिटिव केस 76, अब हुई मौत 1, स्वस्थ हुए मरीज 12
देवास – पॉजिटिव केस 26, अब हुई मौत 7, स्वस्थ हुए मरीज 11
मंदसौर – पॉजिटिव केस 36, अब हुई मौत 3, स्वस्थ हुए मरीज 5
आगर मालवा – पॉजिटिव केस 12, अब हुई मौत 1, स्वस्थ हुए मरीज 1
बुरहानपुर – पॉजिटिव केस 35, अब हुई मौत 1, स्वस्थ हुए मरीज 3
शाजापुर – पॉजिटिव केस 6, स्वस्थ हुए मरीज 6
बड़वानी – पॉजिटिव केस 26, स्वस्थ हुए मरीज 23
रतलाम – पॉजिटिव केस 16, स्वस्थ हुए मरीज 12
अलीराजपुर – कोरोना संक्रमण से मुक्त
झाबुआ – कोरोना संक्रमण से मुक्त
नीमच – कोरोना संक्रमण से मुक्त

इंदौर की ताजा स्थिति –
कुल पॉजिटिव मरीज
1654
स्थिर मरीजों की संख्या
1107
मरने वाले मरीजों की संख्या
079
डिस्चार्ज होने वाले मरीज
468
क्वारेंटाइन सेंटर से डिस्चार्ज
1409

साभार :- प्रदीप जोशी, इंदौर

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