घर में अशांति और पैसों की तंगी कारण कहीं कमरों में लगे पर्दे तो नहीं ?

जानिए वास्तु अनुसार घर में कैसे लगाएं पर्दे ताकि आपको मिले परेशानियों से मुक्ति

कभी कभी आप कितनी भी मेहनत कर लो, लेकिन परिणाम हमेशा विपरीत ही मिलते है, तो एक बार अपने घर के आस पास की चीजों पर नजर डालिए, शायद उन्हीं में कोई उपाय छुपा हो। शायद आपको जानकर हैरानी होगी कि आपके घर में लगे पर्दे भी आपकी किस्मत को परिवर्तित कर सकते है। वास्तुशास्त्री पंडित दयानन्द शास्त्री ने बताया की हमारे घर में लगे परदे भी हमारी परेशानियों का हल कर सकते हैं। वास्तुशास्त्र में बताया गया है कि हमें अपने घरों में दिशा के हिसाब से पर्दों का रंग बदलना चाहिए। इससे आपके घर शांति व सुख-समृद्धि आएगी। घर की सजावट और इंटीरियर में दीवारों के रंग और पर्दों की अहम भूमिका है। अलग-अलग रंग के पर्दे घर को खूबसूरत तो बनाते ही हैं, घर में पॉजिटिव एनर्जी बनाए रखने में भी मदद करते हैं। उसी तरह घर के हर कमरे का उद्देश्य अलग-अलग होता है इसलिए घर के सभी कमरों में एक ही रंग की पुताई नहीं करवानी चाहिए।

कभी कभी कई परेशानियो के चलते हम अक्सर अपनी किस्मत को कोसने लगते हैं। कई बार आपने लोगों को कहते सुना होगा कि मेरी तो किस्मत ही खराब है। वैसे हम आपको बता दें कि कई बार हमारे आस पास की चीजें, घर में रखी चीजों के स्थान का भी हमारे जीवन की उलझनों में बहुत महत्व होता है। कभी कभी आप कितनी भी मेहनत कर लो, लेकिन परिणाम हमेशा विपरीत ही मिलते है, तो एक बार अपने घर के आस पास की चीजों पर नजर डालिए, शायद उन्हीं में कोई उपाय छुपा हो। शायद आपको जानकर हैरानी होगी कि आपके घर में लगे पर्दे भी आपकी किस्मत को परिवर्तित कर सकते है।

घर की सजावट में पर्दों का महत्वपूर्ण योगदान होता है. इनकी मौजूदगी से घर की दीवारों, दरवाजे-खिड़कियों और फर्नीचर सभी की शोभा बढ़ जाती है. इतना ही नहीं पर्दे कमरो के पार्टिशन और प्राइवेसी को बनाये रखने में भी मदद करते हैं. वास्तुशास्त्र में बताया गया है की घर में लगे पर्दे भी वास्तुदोष दूर करने में मदद कर सकते है. साथ ही हमारी परेशानियों का हल भी कर सकते हैं. वास्तुशास्त्र के अनुसार अपने घरों में दिशा के हिसाब से पर्दों का रंग बदलना अच्छा होता है. सही रंग के पर्दे आपके घर में शांति व सुख-समृद्धि लाने का काम करते है | खिडक़ी व दरवाजे पर लगे खूबसूरत पर्दे हमारे घर की सजावट का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है | पर्दे कमरे की सुंदरता को बढ़ाने के साथ-साथ उपयोगी भी होते हैं | वास्तुशास्त्री पंडित दयानन्द शास्त्री ने बताया की आजकल प्रिंटेड पर्दों के साथ-साथ गोप कर्टन और मोती वाले कर्टन भी बाजार में आ गए हैं जिन्हें गृहिणियों द्वारा खासा पसंद किया जा रहा है | पर्दे घर की सजावट में महत्वपूर्ण भूमिका अदा करते हैं. आमतौर पर हम सभी अपने घर में पर्दे लगाते हैं. लेकिन आप चाहें तो अलग-अलग प्रकार के पर्दे लगाकर अपने घर को एक नया लुक दे सकते हैं |

रंग जिसका प्रभाव सीधे किसी भी मनुष्य के दिमाग और व्यवहार पर पड़ता है। घर का रंग उस घर में रहने वाले लोगों के अंतर्मन और विचारों को निश्चित रूप से प्रभावित करता है। इसलिए यदि हम घर के सजावट में रंगों को भी महत्त्व दे तो इससे घर में सकारात्मकता बनी रहेगी और वो घर समृद्धि भी लाएगा।हर किसी की चाहत होती है कि उसका घर आकर्षक लगे। घर को सुंदर बनाने के लिए भिन्न-भिन्न प्रकार के पर्दे लगाए जाते हैं। कई लोग घर की दिवार के रंग के हिसाब से पर्दे लगाते हैं तो वहीं कई लोग वास्तु शास्त्र के हिसाब से घर में पर्दे लगाते हैं। वास्तु शास्त्र में पर्दों का विशेष महत्व बताया गया है। कहा जाता है कि वास्तु अनुसार पर्दे लगाना शुभ होता है।सबसे पहले तो पर्दे हमेशा दो परतों वाले लगाने चाहिए।

वास्तु शास्त्र में कहा गया है कि पर्दे हमारी कई परेशानियों को हल कर सकते हैं। वास्तु शास्त्र में बताया गया है कि हमें अपने घरों में दिशा के हिसाब से पर्दों का रंग बदलना चाहिए। अगर किसी के परिवार में झगड़े और कलह होती है या घर के लोगों का आपस में मनमुटाव चल रहा है तो ऐसे में घर की दक्षिण दिशा में लाल रंग के पर्द लगाने शुभ माने जाते हैं। घर की दक्षिण दिशा में लाल रंग के पर्दे लगाने से परिवार के लोगों का आपसी प्रेम बढ़ता है और घर में शांति आती है।

कई बार देखा जाता है कि हम कड़ी मेहनत करते हैं लेकिन हमें हमारी मेहनत का फल नहीं मिल पाता। बार-बार मेहनत करने के बाद भी असफलता ही हाथ लगती है। अगर आपके साथ ऐसा हो रहा है तो वास्तु शास्त्र घर की पश्चिम दिशा में सफेद रंग के पर्दे लगाने की सलाह देता है। अगर ऐसा करते हैं तो आपको अपनी परेशानियों से राहत मिलती है।

अगर आप पर कर्ज हैं और आपको पैसे की परेशानी है तो आपको आपकी घर की उत्तर दिशा में नीले रंग के पर्दे लगाने चाहिए। ऐसा करने के बाद कुछ दिनों में ही इसका असर दिखाई देने लगेगा। वहीं अगर आप नौकरी की तलाश कर रहे हैं और आपको नौकरी नहीं मिल रही तो आपको घर की पूर्वी दिशा में हरे रंग के पर्दे लगवाने चाहिए। अगर आपको व्यापार में भी लाभ नहीं मिल पा रहा तो भी यही करने की सलाह दी जाती है। ये सारे उपाय करने से आपको जल्द ही इसका असर दिखेगा।
पर्पल कलर/रंग
यह रंग पूर्णतः विश्वास और निष्ठा का प्रतिक है। इसलिए अपने कमरों में इस रंग का लाइटर शेड का उपयोग करें। ऐसा करने से घर के पूरा वातावरण शांत और खुशनुमा बना रहेगा।
काला/ब्लैक कलर
काले रंग का उपयोग कभी भी घरों की सजावट में नहीं करना चाहिए, क्योंकि इससे नकारात्मकता बनी रहती है। इससे घर का पूरा माहौल निराशाजनक और तनावपूर्ण बना रहता है।
लाल/रेड कलर
यह रंग बहादुरी और शक्ति का प्रतिक है। बेडरूम में इसका प्रयोग नहीं करना चाहिए क्योंकि इसका असर दिमाग पे बहुत तेजी से होता है। इसका प्रयोग किसी कमरें में भी नहीं करना चाहिए। छोटी-छोटी बातों में नर्वस होने वाले व्यक्ति को बहुत ही नुकशानदायक साबित होता है ये रंग।दक्षिण दिशा के कोने का कमरा हो तो लाल रंग के पर्दे उपयुक्त रहते हैं।
हरा/ग्रीन कलर
इस कलर के नाम से पता चलता है और इसे शास्त्रों में भी शुभ माना गया है। क्योंकि यह रंग हरियाली, ताजगी और सकारात्मक ऊर्जा को बढ़ाता है। इसे अच्छे स्वास्थ्य का प्रतिक भी माना जाता है। इस रंग से घर को सजाने से उस जगह का वातावरण ये रंग खुशनुमा बनाये रखता है। इस रंग का प्रयोग मुख्य रूप से स्टडी रूम में करना चाहिए। इससे बच्चों के अंदर कलात्मक उपाय आते है और फ्रेशनेस बना रहता है।पूर्व दिशा में हरे रंग के पर्दे बेहतर रहते हैं।
पीला/येलो कलर
पिला रंग शक्ति, धैर्य और ज्ञान का प्रतिक है। इसका प्रयोग मुख्यतः पूजा घर में करना चाहिए। यह रंग उस कमरे की चमक व रौशनी को बढ़ाने में सहायक है जहाँ सीधी प्राकृतिक रौशनी न पहुँचती हो।
नारंगी/ऑरेंज कलर
ये रंग शक्ति, धार्मिकता और सकारात्मक विचार लेन में सहायक होता है। इस रंग का सीधा प्रभाव हमारे विचारों पे पड़ता है और ये अच्छे रिलेशनशिप और खुशी लाने में मददगार होता है। वास्तु के मुताबिक, बेडरूम में इस कलर का उपयोग करना अच्छा माना गया है।
गुलाबी/पिंक कलर
गुलाबी/पिंक कलर खुशी का प्रतिक माना जाता है। इसका प्रभाव सीधे हमारे स्वभाव पे पड़ता है। इसके कारण इसे कमरे और बेडरूम, जो दक्षिण या दक्षिण-पश्चिम दिशा में हो, उसी कमरे में लगाना शुभ माना गया है।बेडरूम में मानसिक शांति और रिश्तों में मधुरता बनी रहे इसके लिए गुलाबी, आसमानी या हल्के हरा रंग की पुताई करवा सकते हैं।
नीला/ब्लू कलर
यह रंग नई शुरुआत, समृद्धि और सुकून देने वाला माना जाता है। इसका प्रयोग मुख्य रूप से मेडिटेशन रूम, बेडरूम और ड्राइंग रूम में करना चाहिए।उत्तर दिशा के कमरे में नीले रंग के पर्दे लगाने चाहिए।
सफेद रंग/व्हाइट कलर
यह रंग पवित्रता, सुंदरता और समृद्धि का प्रतिक माना जाता है। इस कलर का प्रयोग हम किसी के साथ भी करें, ये हमेशा अच्छा ही दिखता है। इसी कारण से सभी घरों में साधारणतः छत के लिए सफेद रंग का प्रयोग किया जाता है। शास्त्रों के अनुसार इसे बेडरूम के उत्तर-पश्चिम दिशा में प्रयोग करना चाहिए।यदि पर्दे पश्चिम दिशा में लगाने हों तो सफेद रंग के पर्दे लगाना ठीक रहता है।ड्राइंग रूम में क्रीम, सफेद या भूरा रंग प्रयोग किया जा सकता है।

पर्दों की वैरायटियां
वास्तुशास्त्री पंडित दयानन्द शास्त्री ने बताया की आजकल बाजार में पर्दे के अलग-अलग प्रकार के प्रिंटेड व प्लेन कपड़े आसानी से मिल जाते हैं जिनमें वैलवेट, पॉलिस्टर, कॉटन-सिंथैटिक मिक्स मैटीरियल आदि प्रमुख हैं. पर्दे बनवाने के झंझट से बचने के लिए रैडीमेड पर्दे खरीद सकते हैं. कुछ लोग सजावट के लिए पर्दे लगाते हैं तो कुछ धूल-धूप से बचने के लिए घरों में पर्दे लगाते हैं. आजकल तो डिजाइनर पर्दों का चलन है जो उपयोगी होने के साथ-साथ खूबसूरत भी होते हैं. पर्दों का चयन करते समय यदि आप लाइनिंग वाले पर्दे खरीदते हैं तो ये पर्दे धूप से बचाव करने में कारगर होते ही हैं साथ ही आपके कमरे को एक सोबर लुक भी देते हैं | आजकल दो लेयर वाले पर्दों का भी फैशन है. आप चाहें तो एक लेयर टिश्यू की और दूसरी लेयर किसी भारी फैब्रिक वाले पर्दों का चयन कर सकते हैं.

प्लीटेड कर्टेन के लिए यदि आप किसी हैवी फैब्रिक का चयन करते हैं तो इससे आपके पर्दे की प्लीटस ठीक नहीं बनती है अत: बेहतर होगा कि आप पर्दों के लिए लाईट वेट फैब्रिक का चयन करें. पर्दे के लिए वायल, कॉटन, सिल्क या वुल मटेरियल का भी चयन कर सकते हैं या चाहें तो घर के हिसाब से भी मटेरियल का चनय कर सकते हैं |

यदि घर में गाढ़े रंग जैसे लाल, नीले, पीले, काले रंग के परदे हों तो उन्हें पेस्टल रंग जैसे सफेद, ऑफ व्हाइट, मिंट ग्रीन, कैमल ब्राउन रंग के परदों से बदल लेना चाहिए.पर्दे बेहद मोटे भी न हों कि हवा प्रवेश न कर पाए |

आप अपने घर में डबल परदे भी लगा सकते हैं. यानी नेट के झीने सफेद रंग के परदे और उसके साथ जॉर्जेट के परदे. इससे जहां लुक में भी बदलाव आएगा, वहीं कमरा हवादार भी बना रहेगा | पर्दों के लिए बाजार में खूबसूरत क्लिप्स भी मिलते हैं. दीवारों से मिलते-जुलते कलर में या फिर पर्दे से एक शेड हल्का या एक शेड डार्क के क्लिप्स सजाएं |पर्दों पर अलग से कांच की पतली रंगबिरंगी नलियां पिरो कर लगाने से घर खूबसूरत लगेगा |

  1. अगर आपके घर में झगड़े होते है तो आप घर की दक्षिण दिशा में लाल रंग के पर्दे लगा सकते है। इसे दक्षिण दिशा में लगाना शुभ माना जाते हैं। लाल रंग के पर्दे लगाने से परिवार के लोगों का आपसी प्रेम बढ़ता है और घर में शांति आती है।
  2. कई बार देखा जाता है कि कड़ी मेहनत करने के बाद भी सफलता नहीं मिल रही। इसके लिए वास्तुशास्त्र घर की पश्चिम दिशा में सफेद रंग के पर्दे लगाने की सलाह देता है।
  3. वहीं अगर आप पर कर्ज हैं और आपको पैसे की परेशानी है तो आपको आपकी घर की उत्तर दिशा में नीले रंग के पर्दे लगाने चाहिए। ऐसा करने के बाद कुछ दिनों में ही इसका असर दिखाई देने लगेगा।
  4. अगर आप नौकरी की तलाश कर रहे हैं और आपको नौकरी नहीं मिल रही तो आपको घर की पूर्वी दिशा में हरे रंग के पर्दे लगवाने चाहिए।

पंडित “विशाल” दयानन्द शास्त्री,
(ज्योतिष-वास्तु सलाहकार)
राष्ट्रीय महासचिव-भगवान परशुराम राष्ट्रीय पंडित परिषद्

जानिए वास्तु अनुसार घर में कैसे लगाएं पर्दे ताकि आपको मिले परेशानियों से मुक्ति कभी कभी आप कितनी भी मेहनत कर लो, लेकिन परिणाम हमेशा विपरीत ही मिलते है, तो एक बार अपने घर के आस पास की चीजों पर नजर डालिए, शायद उन्हीं में कोई उपाय छुपा हो। शायद आपको जानकर हैरानी होगी कि आपके घर में लगे पर्दे भी आपकी किस्मत को परिवर्तित कर सकते है। वास्तुशास्त्री पंडित दयानन्द शास्त्री ने बताया की हमारे घर में लगे परदे भी हमारी परेशानियों का हल कर सकते हैं। वास्तुशास्त्र में बताया गया है कि हमें अपने घरों में दिशा के…

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